अंबिकापुर – छत्तीसगढ़ में चल रहे सुशासन तिहार के तीसरे दिन रविवार की दोपहर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का उड़नखटोला बतौली पहुंचा। यहां शांतिपारा स्थित स्कूल मैदान में पेड़ के नीचे जन चौपाल लगाकर मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सुशासन तिहार का मुख्य उद्देश्य सरकार को जनता के बीच ले जाना और सीधे संवाद स्थापित करना है, ताकि यह समझा जा सके कि सरकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक सही तरीके से पहुंच रहा है या नहीं। उन्होंने बताया कि गर्मी के दिनों में किसान और ग्रामीण अपेक्षाकृत फुर्सत में रहते हैं, इसलिए इस समय जन चौपाल के माध्यम से समस्याएं सुनना अधिक प्रभावी है। उन्होंने जानकारी दी कि आगामी 40 दिनों तक ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जन शिविर लगाकर लोगों की समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
भीषण गर्मी के बावजूद कार्यक्रम में सक्रियता को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि जनसेवा से बढ़कर कोई कार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि जब वे जनता की सेवा के लिए निकलते हैं तो गर्मी का अहसास भी नहीं होता। इस दौरान स्थानीय लोगों द्वारा उन्हें औषधीय लहसुन की माला पहनाई गई, जिससे उन्हें और ऊर्जा मिली।
वहीं, सीतापुर में दो आदिवासी बच्चियों के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म मामले पर मुख्यमंत्री ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि यह घटना अत्यंत दुखद है और ऐसी घटनाएं नहीं होनी चाहिए। सरकार ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए तत्काल एफआईआर दर्ज की और सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि चाहे कोई कितना भी रसूखदार क्यों न हो, दोष सिद्ध होने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।






