जर्काता – दक्षिण व दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों में पिछले सप्ताह से मूसलाधार वर्षा जारी है, जिससे व्यापक इलाक़ों में नुक़सान हुआ है और कई मौतें भी हुई हैं।
श्रीलंका में आये चक्रवात ने हालिया वर्षों की सबसे भीषण आपदा जैसे माहौल पैदा कर दिये हैं। आपदा प्रबंधन अधिकारियों ने शुक्रवार सुबह बताया कि भूस्खलन और बाढ़ में कम से कम 56 लोग मारे गये।
वहीं, इंडोनेशिया में एक और चक्रवाती तूफ़ान के कारण भारी वर्षा से तबाही मची। इस तूफ़ान ने द्वीपसमूह के पश्चिमी द्वीप सुमात्रा को भारी नुक़सान पहुँचाया है। अधिकारियों ने बताया कि शुक्रवार शाम तक कम से कम 174 लोग मारे जा चुके थे, जबकि दर्जनों लोग लापता बताये जा रहे हैं।
उधर, दक्षिणी थाईलैंड में सबसे ज़्यादा प्रभावित शहर हैत-याई सहित कई इलाक़ों में हालिया बाढ़ का पानी उतरना शुरू हो गया है, जिसके साथ ही बाढ़ से हुए व्यापक नुक़सान का असर अब और ज़्यादा दिखाई देने लगा है। सड़कें व इमारतें कीचड़ की मोटी परत और मलबे से ढकी हुई हैं और कई गाड़ियाँ बह कर मुख्य सड़क पर आ गयी हैं।
अधिकारी राहत व बचाव कार्यों में तेज़ी ला रहे हैं। शुक्रवार तक मरने वालों की संख्या बढ़कर 145 हो गयी थी।





