जेडीयू की प्रवक्ता अंजुम आरा ने कंगना के बयान पर कहा कि बयान से ठेस पहुंचने वाला है. अपमानित करने वाला है
बीजेपी सांसद कंगना रनौने जिस तरह से जेन-जी को लेकर टिप्पणी की है उस पर विवाद शुरू हो गया है. महिलाओं को लेकर कंगना रनावत के ‘गटर छाप’ वाले बयान पर एनडीए के सहयोग दल जेडीयू की ओर से प्रतिक्रिया सामने आई है. कंगना के बयान को नीतीश कुमार की पार्टी (जेडीयू) ने उनका व्यक्तिगत मामला बताया है. कहा है कि जेडीयू का इससे कोई लेनादेना नहीं है.
यह उनका निजी बयान – जेडीयू
मंगलवार (28 जुलाई, 2026) को जेडीयू की प्रवक्ता अंजुम आरा ने कंगना के बयान पर कहा, “कंगना रनौत हमारी सहयोगी पार्टी की सम्मानित सांसद हैं, लेकिन देश के युवा-बेटियों के प्रति जो उन्होंने बयान दिया है उससे हमारी सहमति या कहें तो किसी की भी इस पर सहमति नहीं हो सकती है, यह उनका निजी बयान है.”
‘ठेस पहुंचाने वाला है बयान’
उन्होंने कहा, “आज देश की बेटियां हर क्षेत्र में देश का गौरव बनकर परचम लहरा रही हैं. वह अपना नाम रोशन कर रही हैं. किसी भी जनप्रतिनिधि के शब्दों में मर्यादा एवं संवेदनशीलता होनी चाहिए. देश की हमारी जो युवा पीढ़ी है और हमारी बेटियां हैं उनके प्रति जो उनके विवादित बयान हैं वह न सिर्फ अनुचित है बल्कि करोड़ों संघर्षशील बेटियां जो हर क्षेत्र में अपना नाम रोशन कर रही हैं उनको इस बयान से ठेस पहुंचने वाला है. साथ ही उन्हें अपमानित भी करने वाला है.”
‘यह स्वीकार नहीं हो सकता’
अंजुम आरा ने कहा, “मेरी नजर में या किसी के लिए उनका यह बयान, ऐसी भाषा का प्रयोग करना या इस तरह का बयान देना यह पूरी तरह से अशोभनीय है. यह स्वीकार नहीं हो सकता है. हमारा मानना है कि सार्वजनिक जीवन में किसी नेता का बयान सम्मानजनक और जिम्मेदारी पूर्वक होनी चाहिए.”
कंगना रनौत ने क्या कहा है?
बता दें कि कंगना रनौत ने युवा हिंदू महिलाओं को कहा है कि ये वेस्टर्न कल्चर से इंस्पायर्ड जेनरेशन है, जिसे मैं गटर जेनरेशन मानती हूं. उन्होंने यह भी कहा कि ये नशा करती हैं, शराब पीती हैं. इनके कई संबंध होते हैं. कंगना ने और भी बहुत कुछ कहा है जिसके चलते विवादों में वो हैं.






