चुनाव आयोग बंगाल, असम, केरल, पुदुचेरी और तमिलनाडु में चुनाव की तारीखों का ऐलान कर रहा है. बंगाल में ममता, असम में हिमंता, केरल में पिनराई विजयन और तमिलनाडु में स्टालिन अपनी सरकार बचाने की जंग लड़ रहे हैं. इस बीच जुबानी जंग भी तेज हो गई है.
अजित पवार के निधन के बाद बारामती में उपचुनाव का ऐलान
चुनाव आयोग ने रविवार को महाराष्ट्र की बारामती विधानसभा सीट पर उपचुनाव कराने की घोषणा की है. यह अहम सीट जनवरी 2026 में हुए एक दर्दनाक विमान हादसे में राज्य के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद खाली हुई थी.
मुख्य चुनाव आयुक्तने महाभियोग नोटिस के सवाल पर जवाब नहीं दिया
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से उन पर विपक्ष की ओर से लाए गए महाभियोग नोटिस पर जवाब मांगा गया, लेकिन मुख्य चुनाव आयुक्त ने इस पर एक शब्द भी नहीं कहा
बंगाल में 23 और 29 अप्रैल को वोटिंग, 4 मई को आएंगे नतीजे
चुनाव आयोग ने बहुप्रतीक्षित विधानसभा चुनावों का आधिकारिक शेड्यूल जारी कर दिया है. इसके साथ ही इन चुनावी राज्यों में सियासी रणभेरी बज गई है और आदर्श आचार संहिता तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है.
पश्चिम बंगाल: 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को मतदान (Voting)
असम: 9 अप्रैल को डाले जाएंगे वोट
केरल: 9 अप्रैल को मतदान
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव: 23 अप्रैल को वोटिंग, 4 मई को आएंगे नतीजे
चुनाव आयोग के ताजा ऐलान के अनुसार, दक्षिण भारत के अहम राज्य तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव के लिए 23 अप्रैल को मतदान कराया जाएगा. राज्य की सभी सीटों पर मतदाता एक ही चरण में अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे. वहीं, वोटों की गिनती अन्य चुनावी राज्यों के साथ 4 मई को होगी और उसी दिन तय हो जाएगा कि राज्य की सत्ता किसे मिलेगी.
4 मई का दिन देश की राजनीति के लिए बेहद निर्णायक होने वाला है, जब ईवीएम (EVM) खुलेंगी और यह तय होगा कि इन अहम राज्यों की सत्ता की चाबी जनता किसके हाथ में सौंपती है.
अजित पवार के निधन के बाद बारामती में उपचुनाव का ऐलान
चुनाव आयोग ने रविवार को महाराष्ट्र की बारामती विधानसभा सीट पर उपचुनाव कराने की घोषणा की है. यह अहम सीट जनवरी 2026 में हुए एक दर्दनाक विमान हादसे में राज्य के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद खाली हुई थी.
‘कोई वैध वोटर छूटेगा नहीं, कोई अवैध बचेगा नहीं’
चुनाव डेट लाइव अपडेट: चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने मतदाता सूची (वोटर लिस्ट) की शुद्धता और पारदर्शिता पर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि आयोग ने एक ‘फूलप्रूफ’ सिस्टम तैयार किया है ताकि चुनाव निष्पक्षता से संपन्न हो सकें. CEC ने कहा, SIR प्रक्रिया ने यह पूरी तरह से सुनिश्चित किया है कि कोई भी वैध मतदाता अपने मताधिकार से बाहर न रहे (यानी वंचित न हो) और कोई भी अवैध या फर्जी मतदाता सूची में शामिल न हो सके.
विपक्ष के सवालों का सीधा जवाब
कुछ ही देर पहले समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने ‘SIR’ (वोटर लिस्ट प्रक्रिया) को लेकर भेदभाव और गड़बड़ी की आशंका जताते हुए चुनाव आयोग पर सवाल खड़े किए थे. ऐसे में CEC का यह बयान सीधे तौर पर विपक्ष की उन चिंताओं और आशंकाओं का जवाब माना जा रहा है. आयोग ने देश को साफ संदेश दिया है कि मतदाता सूची पूरी तरह से पारदर्शी है और चुनाव निष्पक्ष होंगे.
5 राज्यों में मोर्चा संभालेंगे 25 लाख चुनाव कर्मी और सुरक्षाबल
चुनाव आयोग ने 5 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में शांतिपूर्ण, सुरक्षित और निष्पक्ष चुनाव संपन्न कराने के लिए अपनी कमर कस ली है. प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी आंकड़ों के अनुसार, इस चुनावी महासमर को सफल बनाने के लिए कुल करीब 25 लाख चुनाव अधिकारियों और सुरक्षाबलों की तैनाती की जाएगी.
पोलिंग कर्मचारी: लगभग 15 लाख
सुरक्षा अधिकारी: 8.5 लाख
मतदान के लिए माइक्रो ऑब्जर्वर: लगभग 49 हज़ार
काउंटिंग अधिकारी: लगभग 40 हज़ार
सेक्टर ऑफिसर्स: लगभग 21 हज़ार
काउंटिंग के लिए माइक्रो ऑब्जर्वर: लगभग 15 हज़ार
ऑब्जर्वर : 1,444
यह आंकड़े बताते हैं कि चुनाव आयोग ने इन 5 राज्यों में किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने और सुचारू रूप से मतदान कराने के लिए कितनी व्यापक योजना बनाई है.
100 फीसदी वेबकास्टिंग होगी, यानी हर वोटर पर कैमरे की नजर
मुख्य चुनाव आयुक्त ने बताया कि इस बार 100 फीसदी वेबकास्टिंग होगी. यानी हर बूथ पर कैमरे लगाए जाएंगे. हर वोटर कैमरे की नजर में होगा. आयोग ने मतदाता सूची (SIR) के लिए शानदार काम करने वाले बीएलओ (BLOs) की सराहना की है. चुनाव आयुक्त ने कहा, हमने युवा और पहली बार वोट देने वाले मतदाताओं के साथ-साथ मतदाता जागरूकता से जुड़े ‘स्वीप’ (SVEEP) आइकॉन्स से भी बातचीत की है. चुनाव वाले राज्यों की अहमियत पर जोर देते हुए CEC ने कहा, “जैसा कि आप सभी जानते हैं, ये पांच राज्य और केंद्र शासित प्रदेश भारत के अलग-अलग भौगोलिक और सांस्कृतिक परिदृश्यों का प्रतिनिधित्व करते हैं. ये चुनाव केवल एक लोकतांत्रिक प्रक्रिया नहीं हैं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक वैविध्यता को भी दर्शाते हैं और सच्चे अर्थों में हमारे राष्ट्र की ‘अनेकता में एकता’ की तस्वीर पेश करते हैं.”
बंगाल में 6.44 करोड़ लोग चुनेंगे नई सरकार, जानें कहां कितने वोटर
चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस में साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, आगामी विधानसभा चुनावों के लिए 5 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाताओं (वोटर्स) की कुल संख्या…
5 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में कुल मतदाता: लगभग 17.4 करोड़
राज्यवार मतदाताओं का विवरण:
पश्चिम बंगाल (West Bengal)
कुल मतदाता: लगभग 6.44 करोड़
पुरुष: ~3.28 करोड़
महिला: ~3.16 करोड़
थर्ड जेंडर: 1,152
तमिलनाडु
कुल मतदाता: लगभग 5.67 करोड़
पुरुष: ~2.77 करोड़
महिला: ~2.89 करोड़
थर्ड जेंडर: 7,617
केरल
कुल मतदाता: लगभग 2.70 करोड़
पुरुष: ~1.31 करोड़
महिला: ~1.38 करोड़
थर्ड जेंडर: 277
असम
कुल मतदाता: लगभग 2.50 करोड़
पुरुष: ~1.25 करोड़
महिला: ~1.25 करोड़
थर्ड जेंडर: 343
पुडुचेरी (Puducherry)
कुल मतदाता: लगभग 9.44 लाख
पुरुष: ~4.43 लाख
महिला: ~5 लाख
थर्ड जेंडर: 139
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार बोल रहे हैं…
चुनाव आयोग ने सभी 5 राज्यों का दौरा किया : CEC
चुनाव आयोग ने सभी राजनीतिक दलों से मुलाकात की और सबके सुझाव लिए : CEC
चुनाव आयोग ने राज्यों के अधिकारियों से मुलाकात की: CEC
पांच राज्यों में कुल 17.4 करोड़ मतदाता है.





