भारत और पाकिस्तान के बीच आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी का हाई-प्रोफाइल मुकाबला दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में खेला जा रहा है. पाकिस्तान के कप्तान मोहम्मद रिजवान ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया है. भारत अगर पाकिस्तान के खिलाफ यह मैच जीत लेता है तो वह आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के सेमीफाइनल में जगह बना लेगा. वहीं, पाकिस्तान की टीम का मौजूदा टूर्नामेंट में सफर खत्म हो जाएगा.
Champions Trophy २०२५ –आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के महामुकाबले का मंच तैयार है। रविवार को भारत और पाकिस्तान की टीमें आमने-सामने होंगी। रोहित शर्मा की अगुवाई वाली भारतीय टीम की निगाह सेमीफाइनल पर होगी तो मोहम्मद रिजवान के नेतृत्व वाली पाकिस्तानी टीम पर अपनी ही मेजबानी में होने वाले टूर्नामेंट से बाहर होने का खतरा मंडरा रहा है। भारत ने पहले मैच में बांग्लादेश को हराया था तो पाकिस्तान को न्यूजीलैंड से हार मिली थी। चिर-प्रतिद्वंद्वी टीमों के बीच चैंपियंस ट्रॉफी में पिछली भिड़ंत 2017 के फाइनल में हुई थी जिसमें पाकिस्तान की टीम ने जीत हासिल की थी। भारत उस हार का हिसाब बराबर करने को बेताब है।
भारत और पाकिस्तान की टीम जब आमने-सामने होती हैं तो रोमांच की गारंटी होती है। दोनों ही टीमों के खिलाड़ियों पर दबाव भी काफी होता है। भारतीय टीम हालांकि इस तरह की परिस्थितियों से निपटने में बेहतर नजर आती है। भारत और पाकिस्तान के बीच यह मुकाबला पूर्व की तरह बहुचर्चित नहीं है जिससे उम्मीद की जा रही है कि दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में ग्रुप ए के इस मैच में दोनों टीम थोड़ा सहज होकर मैदान पर उतरेंगी। भारतीय टीम प्रत्येक पहलू में फायदे की स्थिति में नजर आ रही है। उसकी टीम ने यहां की परिस्थितियों से अच्छी तरह सामंजस्य बिठा लिया है जबकि पाकिस्तान की टीम कराची में न्यूजीलैंड के हाथों करारी हार के बाद यहां पहुंची है।
कप्तान रोहित शर्मा की फॉर्म भारत के लिए चिंता का विषय बनी हुई थी लेकिन बांग्लादेश के खिलाफ वह लय में दिखे हैं। ओपनर शुभमन गिल ने पिछले मैच में शतक बनाया था। विराट से बड़ी पारी की आस है। जहां तक पाकिस्तान का सवाल है तो बाबर आजम ने न्यूजीलैंड के खिलाफ 90 गेंद में 64 रन बनाए थे। चोटिल फखर जमा की जगह टीम में इमाम उल हक को चुना गया है।
दोनों टीमों की मजबूती और कमजोरी इस प्रकार हैं….
भारत की मजबूती
- सलामी बल्लेबाज शुभमन गिल बेहतरीन फॉर्म में हैं, अच्छी शुरुआत दिला सकते हैं।
- दुबई की पिच स्पिनरों के अनुकुल है और स्पिनर के रूप में अच्छे विकल्प हैं।
- मध्यक्रम को श्रेयस अय्यर मजबूती दे रहे , पिछले 4 मैचों में तीन अर्धशतक लगाए हैं।
- रविंद्र जडेजा, हार्दिक पांड्या और अक्षर पटेल के रूप में तीन ऑलराउंडर मौजूद हैं।
भारत की कमजोरी
- विराट लय में नहीं है जबकि पाकिस्तान के खिलाफ उनका रिकॉर्ड बेहतरीन रहता है।
- बुमराह की अनुपस्थिति में शमी और युवा हर्षित राणा पर बेहतर करने का दबाव है।
- बल्लेबाजी क्रम के संयोजन पर दुविधा की स्थिति, राहुल और अक्षर के क्रम पर संशय बरकरार है।
पाकिस्तान की मजबूती
- अनुभवी बल्लेबाज और पूर्व कप्तान बाबर की फॉर्म वापसी, पिछले मैच में अर्धशतक लगाया।
- शाहीन की अगुवाई में तेज गेंदबाजों का मजबूत आक्रमण।
- दुबई की पिचों पर खेलने का अच्छा अनुभव, घरेलू दर्शकों का समर्थन भी।
पाकिस्तान की कमजोरी
- पहले मैच में न्यूजीलैंड के हाथों हार के बाद दूसरे मैच में जीतने का बड़ा दबाव है।
- फखर जमां चोटिल होने के बाद टीम को उपलब्ध नहीं हैं।
- दूसरे सलामी बल्लेबाज सउद शकील तीन मुकाबलो में कुल 29 रन ही बना पाए हैं।
- स्पिनर अबरार, खुशदिल और सलमान ज्यादा अनुभवी नहीं हैं।