गरियाबंद – केंद्र सरकार की पायलट परियोजना में गरियाबंद जिले का चयन हुआ है। अब जिले में खाद-उर्वरक का स्टॉक, वितरण और बिक्री मोबाइल एप से ट्रैक होगी।कृषि विभाग ने बताया कि इससे कालाबाजारी रुकेगी। सभी सहकारी समितियों और निजी दुकानों को एप पर रियल टाइम स्टॉक अपडेट करना होगा। किसान SMS से अपने नजदीकी दुकान का स्टॉक चेक कर सकेंगे।खरीफ सीजन के लिए 18,000 मीट्रिक टन यूरिया और 9,000 मीट्रिक टन DAP का लक्ष्य है। FSAS से किसानों को समय पर खाद मिलेगी।
14 आंगनबाड़ी केंद्रों का कायाकल्प
एक्शन अगेंस्ट हंगर की पहल से गरियाबंद के 14 आंगनबाड़ी केंद्रों की तस्वीर बदली। पेंटिंग, खिलौने, स्वच्छ पेयजल और पोषण वाटिका बनाई गई। कुपोषण दर 8% से घटकर 3% रह गई।
वन ग्रामों की 1325 छात्राओं को मुफ्त नैपकिन
मैनपुर ब्लॉक के 42 स्कूलों में “उड़ान” योजना शुरू। एक साल तक 1325 किशोरियों को मुफ्त सैनिटरी नैपकिन दिए जाएंगे। माहवारी स्वच्छता पर काउंसलिंग भी होगी।
जलाभाव क्षेत्र घोषित
गरियाबंद जिला 5 अप्रैल से 30 जून तक जलाभाव क्षेत्र घोषित है। नलकूप खनन के लिए SDM से अनुमति जरूरी। बिना अनुमति खनन पर कार्रवाई होगी।
10वीं का 66% रिजल्ट देख प्रभारी सचिव नाराज
शिक्षकों को फटकार लगाई। बेहतर परिणाम के निर्देश दिए।भाजपा का सोशल मीडिया कार्यकारिणी घोषित: मोदी सरकार के 12 साल पूरे होने पर जनसंपर्क अभियान चलाएगी भाजपा।






