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‘नो तिलक, नो एंट्री’ रायपुर में देवकीनंदन ठाकुर की श्रीमद्भागवत कथा; 8 से 14 जुलाई तक आयोजन

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रायपुर – राजधानी रायपुर के बूढ़ापारा स्थित इंडोर स्टेडियम में 8 जुलाई से 14 जुलाई तक एक भव्य धार्मिक आयोजन होने जा रहा है. यह श्रीमद्भागवत कथा प्रसिद्ध कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर के श्रीमुख से आयोजित की जाएगी. कार्यक्रम का आयोजन अंतरराष्ट्रीय वैश्य फेडरेशन के तत्वावधान में किया जा रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है.

8 से 14 जुलाई तक चलेगा आयोजन

कथा प्रतिदिन दोपहर 3:30 बजे से प्रारंभ होगी. आयोजन की शुरुआत 8 जुलाई को भव्य कलश यात्रा और भागवत महात्म्य के साथ होगी. इसके बाद 9 जुलाई को भीष्म पितामह प्रसंग, कुंती आगमन और पूतना वध, 10 जुलाई को गोवर्धन पूजा, अन्नकूट उत्सव और छप्पन भोग जैसे धार्मिक प्रसंगों का वर्णन होगा.

इस तारीख पर होगें ये- ये कार्यक्रम

11 जुलाई को वामन अवतार, श्रीराम कथा और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव, जबकि 12 जुलाई को कृष्ण बाल लीलाएं, माखन चोरी और गोवर्धन पूजा की कथा प्रस्तुत की जाएगी. 13 जुलाई को महारास, सुदामा मिलन और रुक्मिणी विवाह के प्रसंग होंगे. समापन दिवस 14 जुलाई को सुदामा चरित्र, कंस वध और हवन-पूजन के साथ कथा का समापन किया जाएगा.

“नो तिलक, नो एंट्री” बिना तिलक नहीं मिलेगी एंट्री

इस पूरे आयोजन का सबसे खास आकर्षण “नो तिलक, नो एंट्री” नियम रहेगा. आयोजकों ने स्पष्ट किया है कि कथा स्थल में प्रवेश से पहले श्रद्धालुओं को माथे पर तिलक लगाना अनिवार्य होगा. इसका उद्देश्य सनातन संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और आध्यात्मिक अनुशासन के प्रति जागरूकता बढ़ाना बताया गया है.

राज्यपाल आएंगे आयोजन में

आयोजन से पहले वैश्य फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष योगेश अग्रवाल के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका से राजभवन में मुलाकात की और उन्हें कथा में शामिल होने का आमंत्रण दिया. प्रदेश महामंत्री एवं प्रवक्ता राजकुमार राठी ने बताया कि राज्यपाल ने निमंत्रण स्वीकार करते हुए आयोजन की सराहना की है. कथा का सीधा प्रसारण आस्था चैनल और यूट्यूब पर भी किया जाएगा, जिससे दूर-दराज के श्रद्धालु भी इस आध्यात्मिक आयोजन से जुड़ सकेंगे. आयोजकों का कहना है कि यह सात दिवसीय कथा रायपुर में भक्ति और संस्कृति का विशेष वातावरण तैयार करेगी.