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छत्तीसगढ़ में धान खरीदी शुरू – कबीरधाम में डिप्टी सीएम ने किया शुभारंभ, महासमुंद, धमतरी, जांजगीर में भी शुरुआत

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रायपुर  – छत्तीसगढ़ में आज से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरुआत हो चुकी है। इसी कड़ी में प्रदेश के कई जिलों में धान खरीदी का विधिवत शुभारंभ किया गया। बालोद जिले में आज से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरुआत हो चुकी है, सांसद भोजराज नाग ने जिले के वनांचल क्षेत्र के ग्राम शिकारीटोला से आज धान खरीदी की शुरुआत की इस दौरान उन्होंने धान खरीदी के दौरान आने वाली दिक्कतों के बारे में पूछे जाने पर कहा कि नींबू काँटकर मैने धान खरीदी की शुरुआत की है किसी तरह की कोई दिक्कतें नहीं आएगी, सांसद का यह्वयान सुनकर अधिकारी और मौजूद किसान ठहाके लगाने लगे सासंद ने कहा कि पूजा पाठ कर के नींबू काँटकर हमने शुरुआत की है यदि किसी तरह की कोई दिक्कतें आती है तो उसे ठीक किया जाएगा।

कलेक्टर दिव्या मिश्रा ने बताया कि आज धान खरीदी के पहले दिन 52 उपार्जन केंद्रों से 301 किसान अपना धान बेचेंगे सभी तैयारियां पूरी हो चुकी है उन्होंने बताया कि बालोद जिले से इस बार 127 सहकारी समितियों के माध्यम से 143 उपार्जन केंद्रों में धान की खरीदी की जाएगी, और इस बार 1 लाख 53 हजार 995 किसानों ने अपना पंजीयन कराया है, वहीं 8 लाख मीट्रिक टन अनुमानित धान खरीदी का लक्ष्य रखा गया है।

छत्तीसगढ़ सहित धमतरी जिले में 15 नवम्बर से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू हो गई है,जिसको लेकर किसानों में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है। लेकिन सहकारी समिति के कर्मचारियों के हड़ताल पर जाने से खरीदी केंद्रों में भारी अव्यवस्था देखने को मिली। अधिकांश खरीदी केंद्रों में धान लेकर आये किसानों को वापस भेज दिया गया,जिससे किसानों में नाराजगी देखने को मिली। वही शहर से लगे शंकरदाह धान खरीदी केंद्र में किसान और कांग्रेसी धरने पर बैठ गए और शासन प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।

सूचना पर प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुँची,जिसके बाद ही धान खरीदी शुरू हो पाई। इस केंद्र में करीब 5 घंटे बाद खरीदी का शुभारंभ हुआ।किसानों ने बताया कि धान बेचने के लिए उनका टोकन कटा था,जिस पर सुबह से ही वे लोग धान लेकर खरीदी केंद्र पहुँच गए थे। लेकिन खरीदी केंद्र में कोई भी अधिकारी कर्मचारी मौजूद नही थे,ऐसे में उनको भारी इंतजार करना पड़ा और विरोध प्रदर्शन के बाद ही धान खरीदी शुरू हो पाया। बता दें कि जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए 100 उपार्जन केन्द्र बनाये गये है। वही जिले में लगभग 1 लाख 22 हजार 800 कृषकों का पंजीयन किया गया है।साथ ही धान खरीदी सुचारू रूप से संचालन के लिए 100 नोडल अधिकारी, समिति स्तर पर निगरानी समिति का गठन किया गया है।

संबलपुर धान उपार्जन केंद्र में खरीदी का शुभारंभ
छत्तीसगढ़ सहित धमतरी ज़िले में आज परंपरा अनुसार खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के लिए धान उपार्जन कार्य का शुभारंभ विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुआ। जिले के उपार्जन केंद्रों में प्रातः से ही किसानों की आवाजाही शुरू हो गई थी। सेंटरों में स्थापित कांटा-बांट की पूजा कर धान खरीदी प्रक्रिया को औपचारिक रूप से प्रारंभ किया गया। जानकारी अनुसार आज दिनांक 15 नवंबर 2025 के लिए जिले के 72 उपार्जन केंद्र में 420 टोकन 19486.80 क्विंटल धान के लिए जारी हुआ था जिसमें अभी तक 25 टोकनों के कुल 735.6 क्विंटल धान की खरीदी जिले के 9 उपार्जन केन्द्रों में की गई |

संबलपुर धान उपार्जन केंद्र में विधिवत पूजा-अर्चना कर धान खरीदी का शुभारंभ किया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, कृषि विभाग के अधिकारियों, सहकारिता समिति के सदस्यों एवं स्थानीय ग्रामीणों की उपस्थिति रही।जिले के अन्य उपार्जन केंद्रों—भटगांव, सोरम, करहीबाहरा, रूद्री सहित अनेक समितियों में भी जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने परंपरागत विधि से पूजा-अर्चना कर खरीदी प्रक्रिया की शुरुआत की।वही धान खरीदी केंद्र डाही का धमतरी पूर्व विधायक रंजना साहू ने शुभारंभ किया। प्रशासन द्वारा किसानों की सुविधा हेतु सभी व्यवस्थाएँ पूर्व से ही सुनिश्चित की गई हैं। तौल-प्रक्रिया, बारदाना उपलब्धता, परिवहन व्यवस्था तथा किसान पंजीयन से संबंधित सभी तैयारियों की समीक्षा कर सुचारू खरीदी के निर्देश दिए गए हैं।जिले में धान उपार्जन का यह शुभारंभ किसानों के बीच उत्साह का माहौल लेकर आया है और प्रशासन ने आश्वस्त किया है कि खरीदी प्रक्रिया निर्बाध एवं पारदर्शी रूप से संचालित होगी।
धान खरीदी को लेकर जांजगीर-चांपा पुलिस की अपील

जांजगीर-चांपा जिले में धान खरीदी का सीजन शुरू होते ही एक ओर मंडियों में किसानों की हलचल बढ़ी है, वहीं दूसरी ओर उठाईगिरोह और साइबर ठग भी सक्रिय होने लगे हैं। किसानों की सालभर की कठिन मेहनत का पैसा इस समय उनके खातों में प्रवेश करता है, जिसे निशाना बनाने की फिराक में कई आपराधिक गैंग घूमते हैं। इसी संवेदनशील स्थिति को देखते हुए पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय  ने बुधवार को जिलेभर के किसानों को विशेष सुरक्षा सलाह जारी की है।

एसपी ने बताया कि इस मौसम में बाहरी राज्यों से आने वाले कई संगठित गिरोह जिले और आसपास के इलाकों में सक्रिय हो जाते हैं। इन गिरोह का तरीका बेहद शातिर होता है बैंक में फॉर्म भरने के दौरान ध्यान भटकाकर पैसे उड़ाना,मोटरसाइकिल की सीट पर गंदगी डालकर किसान का ध्यान दूसरी ओर करना और बैग लेकर फरार हो जाना,गाड़ी की डिक्की खोलकर नकदी चोरी करना,सड़क पर झांसा देकर रोकना और मौके का फायदा उठाना। उन्होंने किसानों से अपील की कि बैंक जाते समय हमेशा एक साथी साथ रखें, पैसा निकालने के बाद सीधे घर जाएं, बीच रास्ते में चाय–नाश्ता या खरीदारी करने से बचें। यदि कोई अपरिचित व्यक्ति बार-बार पास घूमता दिखे, पीछा करे, या संदेहजनक हरकत करे तो तुरंत डायल 112 पर सूचना दें।

किसानों को सावधान रहने की सलाह
धान खरीदी के साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी भी तेजी से बढ़ जाती है। ठग कई तरीकों से किसानों को जाल में फंसाते हैं जैसे कि फोन पर OTP, ATM कार्ड नंबर, CVV पूछना,PAN अपडेट या खाते में समस्या बताकर ठगी,वॉइस क्लोनिंग से परिचित की आवाज में पैसे मांगना कोई भी बैंक कभी भी फोन पर OTP या कार्ड से जुड़ी निजी जानकारी नहीं पूछता। यदि किसी परिचित की आवाज में कॉल आए तो पहले स्वयं कॉल करके जांच करें, फिर ही कोई लेन–देन करें।

महासमुंद में मंत्री गुरू खुशवंत साहेब ने किया शुभारंभ 
Paddy procurement begins in Chhattisgarh MP in Balod and minister in Mahasamund perform Shri Ganesh Puja

महासमुंद जिले में भी आज से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरुआत कर दी गई है। धान खरीदी केंद्र झालखमहरिया में आज मंत्री गुरू खुशवंत साहेब, विधायक संपत अग्रवाल और विधायक राजू सिन्हा ने खरीदी कार्य का विधिवत पूजा अर्चना कर औपचारिक शुभारंभ किया। इस दौरान धान बेचने आये 2 किसानों का मुंह मीठा कराकर उनका स्वागत किया गया। जिसके बाद मंत्री ने उनका धान तौलकर खरीदी की शुरुआत की। गौरतलब है कि, इस वर्ष जिले के 130 समितियों के 182 खरीदी केंद्रों में धान की खरीदी होगी। जिसके लिए जिले के 1 लाख 66 हजार 288 किसानों ने धान बेचने अपना पंजीयन कराया है।

कार्यक्रम में मंत्री  गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि, आज किसानों के लिए उत्सव का दिन है। हमारा राज्य किसानों से ही समृद्ध है।यहां तक कि अयोध्या में श्रीराम लला के लिए भोग के लिए हमारे छत्तीसगढ़ से चांवल भेजा गया था। पिछले साल भी रिकॉर्ड धान खरीदी किया गया था, इस साल भी रिकॉर्ड धान खरीद की  जाएगी। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मंशानुरप धान खरीदी की जा रही है। किसानों को  बोनस एवं सभी समितियों में एटीम की सुविधा कराई जा रही है। ताकि किसानो को किसी प्रकार की समस्या न हो। अधिकारी कर्मचारी भी पूरी जिम्मेदारी के साथ कार्य कर रहे है।

हमारी सरकार  किसानों की हितों का पूरा ध्यान रख रही है। वहीं महासमुंद कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने जानकारी देते हुए बताया कि, किसानों को किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी। आज 34 समितियों में 50 किसानों का टोकन कट गया है। जो आज धान बेचना चाहते है वे शाम 5 बजे तक टोकन काट सकते है और उनका धान खरीदी की जा सकती है। अवैध धान परिवहन को रोकने जिले में 16 चेक पोस्ट स्थापित किए गए है। साथ ही अभी तक 23 प्रकरण दर्ज किए गया है। जिसमें 3000 किवंटल अवैध धान जप्त की गई है। इस अवसर पर आसपास के किसान, अधिकारी-कर्मचारी और स्थानीय जन प्रतिनिधि बड़ी संख्या में मौजूद रहे।

कबीरधाम में डिप्टी सीएम  शर्मा ने किया धान खरीदी का शुभारंभ
Paddy procurement begins in Chhattisgarh MP in Balod and minister in Mahasamund perform Shri Ganesh Puja

आज शनिवार को स्थानीय कवर्धा विधायक व डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने कबीरधाम जिले के बोड़ला ब्लॉक अंतर्गत धान उपार्जन केंद्र महराजपुर से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी महापर्व का शुभारंभ किया। उन्होंने ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर, किसानों को तिलक लगाकर, श्री फल भेंट एवं माला पहनाकर खरीदी की शुरुआत की। इस मौके पर उन्होंने कहा कि समिति के कुछ कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर चले गए है। उनके हड़ताल का असर नहीं होगा। लगातार राज्य सरकार व कर्मचारियों के बीच चर्चा जारी है।

इस बीच किसी भी केन्द्र में हड़ताल के चलते खरीदी प्रभावित नहीं होगी। उन्होंने आगे कहा कि प्रदेश सरकार ने इस वर्ष मोदी की गारंटी को पूरा करते हुए किसानों के हित में कई ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं। किसानों से चर्चा कर खरीदी केन्द्रों में किसानों की सुविधा के लिए की गई व्यवस्था व केंद्र में टोकन और खरीदी की भी जानकारी ली। धान खरीदी केंद्र में पहुंचे ग्राम कांपा के किसान भगत कौशिक से 36 क्विंटल धान खरीदी कर इसकी शुरुआत की गई। महाराजपुर धान उपार्जन केंद्र में 769 पंजीकृत किसान है, रकबा 675.99 हेक्टेयर है। केन्द्र में धान खरीदी का लक्ष्य 35 हजार 489 क्विंटल है। इस समिति अंतर्गत महराजपुर, कांपा, जीताटोला, डगनिया के किसान अपना धान बेचने आते है। इस मौके पर कलेक्टर गोपाल वर्मा समेत अन्य अधिकारी व जनप्रतिनिधि मौजूद थे।

भाटापारा में सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने किया शुभारंभ

Paddy procurement begins in Chhattisgarh MP in Balod and minister in Mahasamund perform Shri Ganesh Puja

भाटापारा में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में समर्थन मूल्य पर किसानों से धान खरीदी का कार्य जिले में 15 नवंबर शनिवार से प्रारंभ हो गया। रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने उपार्जन केन्द्र अर्जुनी में विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर धान खरीदी का औपचारिक शुभारंभ किया। केन्द्र में धान बेचने पहुंचे पहले किसान छेदू राम वर्मा का तिलक लगाकर व माला पहनाकर स्वागत किया। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के एक-एक दाने की खरीदी करेगी। लोगों की मांग पर अर्जुनी में सहकारी समिति भवन निर्माण के लिए 10 लाख एवं सीसी रोड निर्माण के लिए 5 लाख रुपये देने की घोषणा की गई।

अग्रवाल ने कहा कि सहकारी समिति कर्मचारियों की हड़ताल के बावजूद धान खरीदी सुव्यवस्थित रूप से होगी। सभी उपार्जन केंद्रों में कर्मचारियों की वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की गई है, इसलिए किसानों को धान बेचने में कोई परेशानी नहीं होगी। उन्होंने अधिकारियों से पंजीकृत किसानों की संख्या, टोकन व्यवस्था, बरदाना एवं अन्य तैयारियों की जानकारी ली और निर्देश दिया कि किसी भी किसान को दिक्कत न हो। उन्होंने किसानों से कहा कि धान की राशि का उपयोग अच्छे कार्यों में करें।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष आकांक्षा जायसवाल, कलेक्टर दीपक सोनी, नगर पालिका अध्यक्ष अशोक जैन, जनपद अध्यक्ष सुलोचना यादव, जिला अध्यक्ष आनंद यादव, महिला आयोग सदस्य लक्ष्मी वर्मा, स्काउट गाइड के राज्य उपाध्यक्ष विजय केशरवानी सहित अन्य जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित थे।

सरकार किसानों का धान नहीं खरीदना चाहती-विधायक इंद्र साव
Paddy procurement begins in Chhattisgarh MP in Balod and minister in Mahasamund perform Shri Ganesh Puja

प्रदेश सरकार की किसान विरोधी नीतियां अब खुलकर सामने आने लगी हैं। धान खरीदी के पहले ही दिन क्षेत्र के अनेक किसान अपनी उपज लेकर जब संबंधित सोसायटियों में पहुंचे, तो वहां खरीदी के लिए कोई भी जिम्मेदार व्यक्ति मौजूद नहीं था। किसानों को मायूस होकर खाली हाथ लौटना पड़ा। यह जानकारी क्षेत्र के विधायक इंद्र साव ने शनिवार को धान खरीदी केंद्रों के निरीक्षण के बाद दी।

विधायक साव ने कहा कि सरकार ने पहले ही धान खरीदी की घोषणा 15 दिन की देरी से की और जब खरीदी की तारीख आई तो किसानों को खरीद केंद्रों में अव्यवस्था का सामना करना पड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार कभी नहीं चाहती कि किसानों का पूरा धान खरीदा जाए। 15 दिसंबर से खरीदी शुरू करने की घोषणा सिर्फ दिखावा है। प्रति एकड़ मात्र 21 क्विंटल धान खरीदने का फरमान किसानों के हितों के साथ किया गया बड़ा धोखा है।

साव ने कहा कि इस बार धान खरीदी की प्रक्रिया किसानों के लिए अत्यंत कठिन साबित हो रही है। टोकन व्यवस्था के कारण किसान अपनी ही उगाई फसल बेच पाने में असमर्थ दिखाई दे रहे हैं। सरकार की नीतियों के चलते किसानों को मजबूरन अपनी बची हुई फसल बिचौलियों के हाथों सस्ती कीमत पर बेचनी पड़ रही है, जिससे उन्हें दोहरी आर्थिक क्षति झेलनी पड़ती है।

तैयारी शून्य न बैठक, न पानी, न प्रबंधन
विधायक इंद्र साव ने बताया कि सरकारी दावों के विपरीत उपार्जन केंद्रों में किसी भी प्रकार की उचित व्यवस्था नहीं की गई है। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि किसानों के बैठने की व्यवस्था तक नहीं है, न ही पीने के पानी का प्रबंध किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार की तैयारियों के सारे दावे उनके क्षेत्र में विफल साबित हुए हैं। साव ने कहा कि वे नियमित अंतराल पर अपने क्षेत्र के उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण करेंगे और किसानों की फसल तौल, बिक्री और भुगतान की स्थिति पर लगातार नजर रखेंगे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसानों की फसल किसी भी परिस्थिति में बिचौलियों के हाथों नहीं बिकने दी जाएगी।